मंगलवार, 29 जनवरी 2013

जीवन सांप सीढ़ी के खेल के समान है I (Life is Like Snake and Ladder Game)

दुनिया  में शायद ही कोई ऐसा व्यक्ति होगा जिसने कभी सांप सीढ़ी का खेल न खेला हो I  सांप  और  सीढ़ी का खेल एक  बहुत ही सरल खेल है, जिसमें हम एक अंक से शुरू हो होकर सौ अंक तक पहुँचने की कोशिश करते है I  आगे बड़ते हुए हमें रास्ते में सांप और सीढ़ी मिलती है, सांप आप को पीछे  पहुंचा देता है और सीढ़ी आपको आगे बड़ा देती है I  इस खेल में खिलाड़ियों का आगे पीछे होना चलता रहता है I  कभी जीत के बहुत करीब पहुँचने  वाला खिलाड़ी सांप के डंसने के कारण खेल के आरंभ में पहुँच जाता है और बहुत पीछे चल रहा खिलाड़ी सीढ़ी मिलने के कारण आगे पहुँच जाता है I

 जीवन भी सांप और
सीढ़ी के खेल से काफी मिलता जुलता है क्योंकि जीवन में भी लोगो का आगे पीछे होना लगा रहता है I  कई लोग जीवन में सीढ़ी रूपी अवसर मिलने से  दूसरों से आगे निकल जाते है और वहीं दूसरी तरफ कई आगे निकल चुके लोग सांप रूपी समस्या के कारण जीवन में पिछड़ जाते है I  पुरे जीवन में लोगो का आगे पीछे होना लगा रहता है और कई बार बिल्कुल पिछड़ चुके लोग जीवन में एक सुनहरी अवसर पा कर बहुत आगे आ जाते है I  इसी तरह जीवन में बहुत आगे निकल चुके लोग, समस्याओं का सामना कर के बहुत पिछड़ जाते है I

जीवन में हर व्यक्ति को कभी न कभी सुनहरी अवसर मिलते है और कभी न कभी मुसीबतों का सामना करना पड़ता है I  इस लिए अगर आप आज जीवन में पिछड़ चुके है तो याद रखे कि  केवल एक सुनहरी अवसर आपको काफी आगे पहुंचा सकता है I  दूसरी तरफ अगर आप जीवन में काफी आगे चल रहे है तो इस बात का घमंड न करे क्योंकि एक मुसीबत आप को पिछाड सकती है I  सांप और सीढ़ी के खेल को  याद रखते हुए हम जीवन के अच्छे और बुरे समय को ठीक ढंग से जी सकते है I 

सोमवार, 28 जनवरी 2013

छोटा परिवार छोटी कार (भारत में छोटी कारो का बड़ा बाज़ार) Small Family Small Car (Big Market Small Cars in India)

भारत को छोटी कारों का एक बड़ा बाज़ार माना  जाता है, क्योंकि यहाँ पर अधिकतर माध्यम वर्ग के लोग रहते है और वह ज्यादा महँगी गाड़ियाँ नहीं खरीद सकते है I  इस बाज़ार में मुख कार बनाने बाली प्रमुख कंपनिया है, मारुति, टाटा, हुंडई, हौंडा, चेवरोलेट अदि I  अभीतक मारुति सजुकी की 800 और आल्टो कारे इस श्रेणी में अव्ल रही है I  मारुति 800, वह पहली गाड़ी थी जिसने छोटी कर बाज़ार में लोगो को एक भरोसेमंद विकल्प प्रधान किया I  इस के बाद मारुती आल्टो ने इस भरोसे को और आगे बडाया और दुनिया की सबसे ज्यादा बिकने वाली छोटी कर बन गयी I


इस श्रेणी तीन साल पहले एक नया नाम जुड़ गया, टाटा नैनो के नाम से I  टाटा नैनो आज भारत में बिकने वाली सबसे सस्ती छोटी कार है I  टाटा नैनो को लखटकिया कार के रूप में भी जाना जाता है क्योंकि पहले इस कार की कीमत एक लाख रुपये निर्धारित की गयी थी लेकिन बाद में इस कीमत को कुछ बड़ा दिया गया I  आज टाटा नैनो भारत और दुनिया में काफ़ी लोकप्रिय हो चुकी है I  छोटी कारों की श्रेणी में हम 600 सी सी से 1200 सी सी की कारे पा सकते है I 

इन छोटी कारो की कीमत रुपये 1.5 लाख से 7 लाख तक होती है I  आने वाले समय में भारत में इन छोटी कारों का बाज़ार और अधिक बड़ने के आसार है क्योंकि लोगो की आमदनी में बडोतरी हो रही है और ज्यादा से ज्यादा लोग अपनी कार खरीदना चाहते है I  कई सस्ते विकल्प होने के कारण, छोटी कारे ख़रीदना काफी आसान रहता है I  आसान किश्तो में मिलने वाले कार लोन भी कई लोगो का अपनी कार ख़रीदने का सपना पूरा कर रहे है I  इस श्रेणी में कुछ और विकल्प है 1) हुंडई एओन 2) हौंडा ब्रिओ 3) चेवरोलेट स्पार्क अदि I 

पढ़ें पांच हिंदी विचार तस्वीरों के रूप में (Read Five Hindi Thought HD Picture Messages)

नीचे आप पांच हिंदी विचार तस्वीरों के रूप में पढ़ें सकते है I  यह सकारात्मक विचार आप के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकते है I  और हिंदी विचार पढ़ने के लिए आप मेरे दुसरे ब्लॉग http://hindithoughts.arvindkatoch.com/ पर पढ़ सकते है I Read five positive Hindi Thoughts in the form of HD Picture Messages Below.
Hindi Thought,  हिंदी विचार

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सोमवार, 21 जनवरी 2013

सफलता इंसान के अपने हाथ में है I Hindi Thoughts on Success/Failure with Explanation



अक्सर हम अपनी असफलता का इल्जाम दूसरों पे  मढ़ देते है और हम कभी भी यह नहीं सवीकार करते कि हमारी असफलता के पिच्छे असली कारण हम ही है I  हम  यह इसलिए करते है क्योंकि कि हम अपनी असफलता को मानने का जज्बा नहीं रखते और दूसरों पे इल्ज़ाम लगाना हमें एक आसान उपाय लगता है I  वहीँ दूसरी तरफ हम कभी भी दूसरों को अपनी सफलता का श्रेय नहीं देते I  असल में यह हमारा अहम् है जो हमें अपनी असफलता को न स्वीकार करने पर विवश कर देता है I  अगर हम अहम् से ऊपर उठ कर देखे तो हम जान सकेंगे कि हम असफल सिर्फ अपनी कमियों के कारण हुए है I 
हम दुनिया से चाहे जितना भी झूठ पर अंदर से हम भी इस सच्च को जानते है I  इस दुनिया में कोई भी हमें हमारी इच्छा के बिना असफलता की तरफ नहीं धकेल सकता, दुसरे तभी ऐसा कर सकते है जब हम उन्हें ऐसा करने का मौका दे I  सफलता इंसान के अपने योजनाबद्ध कार्यों का परिणाम है और सफलता पाने के हमें अपने कार्य शेत्र अति उत्तीर्ण होना आवश्यक है I  बिना योग्यता के सफलता की कल्पना मात्र भी एक व्यंग से अधिक कुछ नहीं है I  इसलिए दूसरों पे अपनी असफलता का इल्जाम देने की बजाय अपनी योग्यता को बड़ाने का प्रयास करे, जल्द ही सफलता आप का हाथ चूमेगी I 

जीवन केवल एक सफर है और यह कभी भी समाप्त हो सकता है I (Hindi Thought and Explanation)


अक्सर लोग जीवन में काफी परेशान हो जाते है क्योंकि वह जीवन को एक सफर से कुछ अधिक मानने लगते है I  हमें यह बात हमेशा याद रखनी चाहिए कि जीवन आगे बड़ने का नाम है न कि  बीते कल यां आज की उलझनों  में फँसे रहने के लिए I  हर जीवित व्यक्ति एक सफर पर निकला हुआ है और इस सफर का अंत इन्सान के अंत के साथ हो जाता है I  पर अक्सर लोग इस बात को भूल जाते है कि वह एक सफर पर निकले हुए है और इस जीवन की समस्याओं में उलझ  कर रह जाते है I  जितना हम इस सच से दूर होते जाते है, उतना ही अधिक हम जीवन में परेशान होते जाते है I  इस दुनिया मे जीवन को अच्छे तरीके से जीने के लिए हमें इस सच को अपने जीवन में उतार लेना चाहिए I  

दूसरी सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इस बात को हमेशा याद रखना चाहिए कि यह जीवन लीला कभी भी समाप्त हो सकती है I  इस बात  को याद रख कर हम अपने जीवन को श्रेष्ट रूप से जी सकते है I  अक्सर हम बहुत सारी जरुरी चीज़ो को कल पर छोड़ देते है यह सोच कर कि अभी हमारे पास बहुत अधिक समय है I  पर यह बात हमेशा याद रखने  योग्य है कि आप कल का सूरज देख भी पाये या नहीं यह भी निश्चित बात नहीं है I  इसलिए यह हमारे लिए अत्यंत आवश्यक है कि हम अपने समय का सदुपयोग करना सीखे I  अक्सर हर इन्सान की यही शिकायत होती है कि उसके पास समय की बहुत कमी है पर जब हम किसी काम को लगन से करना सीख लेते है तो हमें इस समस्या का सामना नहीं करना पड़ता I 

जीवन में इन दोनों बात का ध्यान रख कर हम एक सफल और खुशियों भरा जीवन जी सकते है I  

रविवार, 20 जनवरी 2013

हिंदी ब्लॉगिंग का बढता चलन (Increasing Acceptance of Hindi Blogging)

पिछले कुछ समय से हिंदी ब्लॉगिंग का परिचलन काफी अधिक बड़ गया है और अधिक से अधिक लोग हिंदी ब्लोगों को पड़ना पसंद कर रहे है I  आज के समय में हिंदी में लिखना अत्यधिक सरल है I  हिंदी में लिखने के इच्छुक लोग इंटरनेट पर हिंदी में लिखने के कई विकल्प पा सकते है I   अधिकतर  हिंदी ब्लोगों को काफी पसंद किया  जा  रहा है I  हिंदी   भारत की राष्ट्रीय भाषा है और इंग्लिश के मुकाबले अधिक लोग इसको समझते है , इसलिए हिंदी में लिखना काफी फायेदेमंद हो सकता है I  

पहले इंटरनेट पर केवल इंग्लिश में ही लिखा जा सकता था  और  उस समय यह अंदेशा व्यक्त किया जा रहा  कि क्षेत्रीय भाषायों का अस्तित्व समाप्त हो जायेगा I  लेकिन वक्त के  साथ  ऑनलाइन  हिंदी में लिखना बहुत आसान हो गया है और लोग हिंदी ब्लोगों को इंग्लिश ब्लोगों से भी अधिक पसंद कर सहे रहे है I  ज्यादातर ब्लॉग्गिंग प्लेटफॉर्म्स जैसे कि ब्लोग्गेर्स (blogger.com), वर्डप्रेस (wordpress.com) आदि हिंदी ब्लॉग्गिंग का समर्थन करते करते है I  अगर आप अभी तक ब्लॉग्गिंग नहीं कर रहे थे कियोंकि आप हिंदी में ब्लॉगिंग करना चाहते थे तो यह एक सुन्हेरा अवसर है आप के सामने हिंदी ब्लॉगिंग को आजमाने का I 


हिंदी में कैसे लिखे 

हिंदी में लिखना अत्यधिक आसान है I  आप गूगल की फ्री सर्विस http://google.com/transliterate का  उपयोग कई क्षेत्रीय भाष्यों में लिखने के लिए कर सकते है I 
इंग्लिश शब्दों का हिंदी में मतलब जानने के लिए आप http://translate.google.com/ का प्रयोग कर सकते है I 

आप Blogger.com में सीधे हिंदी में भी लिख सकते है, इस के लिए "अ" पर क्लिक कर के I 

में आशा करता हूँ की आप का हिंदी ब्लॉगिंग का सफर मंगलमय रहे I  

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